कानपुर में मुहर्रम जुलूस को रोकने पर सांप्रदायिक हिंसा , आगजनी,कई घायल

कानपुर.यूपी में कानपुर के जूही क्षेत्र में मुहर्रम पर ताजिए का जुलूस रोकने पर दो पक्षों में बवाल हो गया. बाइकें जला दी गईं. मौके पर पुलिस फोर्स पहुंच रही है. कानपुर के कुछ इलाकों में पिछले कुछ दिनों से ताजिए और भरत मिलाप के जुलूस निकालने के रास्ते को लेकर तनाव चल रहा है.

शहर में माहौल बिगड़ने की आशंका जताई जा रही थी. जूही क्षेत्र में ताजिए के जुलूस को दूसरे पक्ष ने रोका तो बवाल शुरू हो गया. रावतपुर में भी सांप्रदायिक माहौल गरमाया अतिसंवेदनशील क्षेत्र रावतपुर में आखिर एक बार फिर जिला प्रशासन और पुलिस नकारा साबित हुई.

सांप्रदायिक माहौल बिगड़ने से रोकने के लिए पुलिस ने जमकर लाठीचार्ज किया. दशहरे और मुहर्रम के मद्देनज़र जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा बरती गई लापरवाही आखिरकार सामने आ ही गई. वहीं बीजेपी विधायक और जिले की डीआईजी को घटना मामूली बात लगी.

रावतपुर में पिछले तीन दिनों से सांप्रदायिक माहौल गर्म था. बीते दिन दो समुदायों के लोगो में आपसी छुटपुट घटनाओ में पुलिस ने एक पक्षीय कार्रवाई करते हुए एक समुदाय के चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया जिस पर क्षेत्र के रामलला मंदिर में बीजेपी और बजरंग दल के कार्यकर्ता बैठक कर रहे थे.

बीजेपी कार्यकर्ताओं ने पुलिस अधिकारियों से गिरफ्तार कार्यकर्ताओं को छोड़ने की मांग की जिसमें कुछ गर्मागर्मी हुई. बीजेपी कार्यकर्ताओं द्वारा नारा लगाए जाने पर पुलिस ने उनपर जमकर लाठीचार्ज किया. कार्यकर्ताओं को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया.

पुलिस प्रशासन ने संभाला मामला लाठीचार्ज की घटना के बाद मौके पर डीएम और डीआईजी पहुंचीं और लोगों को समझाया. बीजेपी विधायक अभिजीत सिंह साँगा ने मौके पर आकर जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की.

घटना पर वार्तालाप किया लेकिन मीडिया द्वारा घटना के बारे में पूछने पर विधायक अभिजीत सिंह साँगा ने घटना को मामूली बताकर सब कुछ ठीक ठाक होना बताया. वहीं जिले की कप्तान सोनिया सिंह ने लाठीचार्ज की घटना को नकारते हुए जय श्री राम का नारा लगाया और निकल गई.