शरद के मंच पर पहुंचे मनमोहन-राहुल, दिग्गजों का जमावड़ा

Advertisement

साझी विरासत बचाओ सम्मेलन

नयी दिल्ली: दिल्ली के कॉन्स्टीट्यूशनल क्लब में जदयू के वरिष्ठ नेता शरद यादव द्वारा आयोजित किये गये ‘साझी विरासत बचाओ’ सम्मेलन में विपक्ष के कई दलों के नेताओं ने मंच साझा किया। इस सम्मेलन में पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह, कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी, गुलाम नबी आजाद,सीताराम येचुरी, फारुक अब्दुल्लाह समेत विपक्ष के कई नेता शामिल हुए। सम्मेलन की शुरुआत में शरद यादव ने कहा कि देशभर में किसानों और दलितों के साथ अत्याचार हो रहा है, देश भर में बेचैनी है। शरद यादव ने कहा कि मैंने किसी को नहीं बुलाया है फिर भी हजारों लोग मेरे साथ जुड़ रहे हैं।
संविधान ही हमारा धर्मग्रंथ है:शरद यादव:शरद यादव ने बिना किसी का नाम लिये कहा कि देश के अंदर जो भी लोग हिंसा करना चाहते हैं, आस्था के नाम पर, धर्म और मजहब के नाम पर, गोबर और गाय के नाम पर, लव-जिहाद के नाम पर, उस हाथ को थामना है। कोई किसी पर हाथ उठाये, उस हाथ को रोकना है। यही हमारे पुरखों ने किया है। संविधान में जो लिखा है, उसे गांव-गांव, देहात-देहात, शहर के एक-एक आदमी को बताने का काम हम करेंगे। संविधान ही गीता है, कुरान है, बाइबिल है। हिंदुस्तान का संविधान ही देश के 125 करोड़ जिंदा लोगों का धर्मग्रंथ है।
राहुल ने किया मोदी पर सीधा वार:राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी हर जगह ‘मेक इन इंडिया’ की बात करते हैं, लेकिन आप जहां भी जाएं आपको ‘मेड इन चाइना’ दिखेगा। वे इस झूठ को छुपा रहे हैं कि मेक इंडिया पूरी तरह फ्लॉप हो चुका है। सबसे बड़े नेता ब्रिटिश सरकार के सामने लड़ाई नहीं कर पाए थे। उनके एक नेता ने ब्रिटिश सरकार को पत्र लिखकर जेल से फ्री करने की बात कही थी। संघ पर वार करते हुए राहुल ने कहा कि इन लोगों ने तिरंगे को सलाम करना भी सत्ता में आने के बाद सीखा है। पिछले 2 साल में 1 लाख 30 करोड़ रुपए 10-15 करोड़पतियों का माफ कर दिया है। तमिलनाडु के किसान जंतर-मंतर पर नंगे होकर प्रदर्शन कर रहे हैं, किसान पूरे देश में मर रहे हैं।
राहुल पर भाजपा का पलट वार :केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ बीजेपी नेता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि आरएसएस के खिलाफ राहुल के परनाना नेहरू भी शिकायत करते थे, दादी इंदिरा ने भी अभियान चलाया, राजीव गांधी बोफार्स में फंसे तो संघ की आलोचना की लेकिन हकीकत यह है कि देश के लोग संघ की देशभक्ति और समाजसेवा के कारण उनका सम्मान करते हैं.

Advertisement