Bitcoin क्या है, कैसे काम करता है और कैसे आप इसमें इन्वेस्ट कर सकते हैं. जानिए सबकुछ

महज 52 पैसे से शुरू हुई एक मुद्रा जिसकी कीमत आज सोने से भी ज्यादा महँगी है, के बारे में आपको जरूर जानना चाहिए. पिछले 3 महीने में इसकी कीमत में ढाई गुने से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है परन्तु आज भी अधिकांश लोग बिटकॉइन से अनजान हैं.
आइये आसान शब्दों में जानते हैं कि आखिर ये है क्या, काम कैसे करती है और कैसे आप इसमें अपना फायदा निकाल सकते हैं.

रोचक तथ्य-  साल 2010 में आपने बिटकॉइन में 5000 रूपए लगाये होते तो आज उस पैसे की कीमत 33 करोड़ रूपए से भी अधिक होती.

bitcoin currencyबिटकॉइन एक आभासी मुद्रा है जो आम मुद्रा की तरह नोट या सिक्के के रूप में नहीं मिलती. यह एक डिजिटल करेंसी है जिसको आप इलेक्ट्रॉनिक रूप से रख सकते हैं.

आखिर क्या होता है बिटकॉइन-What is Bitcoin

आपने पेटीएम् (PAYTM) का प्रयोग किया है? बिटकॉइन कमोबेश इसी तरह काम करता है. एक इलेक्ट्रॉनिक अकाउंट में आपका पैसा बिटकॉइन के रूप में रहता है जिससे आप जो चाहे खरीद सकते हैं. बस फर्क ये है कि बिटकॉइन एक मुद्रा है जिसका नियंत्रण कोई एक कंपनी या कोई सरकार नहीं करती. दुनिया के हर शख्स के पास इसका नियंत्रण है.

इसका उपयोग करने के आपको इंटरनेट पर एक डिजिटल वॉलेट बनाना होता है, ये वॉलेट आप अपने मोबाइल या कंप्यूटर से बना सकते हैं. वॉलेट बनने के बाद आपको एक अनूठा क्रिप्टोग्राफ़िक कोड मिलता है जो आपके अकाउंट नंबर की तरह काम करता है. इस वॉलेट के माध्यम से आप लेनदेन कर सकते हैं.

बिटकॉइन से सम्बंधित हर लेनदेन का हिसाब एक पब्लिक लेजर पर होता है जिसे हर कोई देख सकता है.

इंटरनेट पर कई कंपनियां है जो बिटकॉइन वॉलेट की सुविधा प्रदान करती हैं. इनका प्रयोग कर आप चाहें तो नए बिटकॉइन खरीद भी सकते हैं या किसी वस्तु के बदले में अपने बिटकॉइन वॉलेट से बिटकॉइन में पेमेंट भी कर सकते हैं.

कैसे बनते हैं नए Bitcoins- Mining & Miners

Bitcoin का उत्पादन माइनिंग के द्वारा किया जाता है और इसका उत्पादन करने वालों को माइनर्स कहते हैं. माइनर्स का काम बिटकॉइन के हर एक लेनदेन की पुष्टि करना है.

ये माइनर्स अपने विशेष प्रकार के हार्डवेयर का प्रयोग कर कंप्यूटर प्रोसेसिंग प्रणाली द्वारा विभिन्न प्रकार के लेनदेन को प्रोसेस करते हैं जिसके फलस्वरूप नए बिटकॉइन बनते हैं और इन माइनर्स को मिलते हैं.

माइनिंग एक स्वतंत्र प्रक्रिया है, कोई भी व्यक्ति माइनिंग कर के बिटकॉइन प्राप्त कर सकता है. हालाँकि इसके लिए अत्याधुनिक तथा शक्तिशाली प्रोसेसिंग वाले मशीनों की आवशयकता होती है.

bitcoin mining
कुछ ऐसे होती है बिटकॉइन की माइनिंग

रुपया या डॉलर की तरह  बिटकॉइन की छपाई या निर्माण हमेशा नहीं होगा. बिटकॉइन पालिसी के अनुसार पूरी दुनिया में कुल मिलाकर 2 करोड़ 10 लाख (21 million ) बिटकॉइन से ज्यादा बिटकॉइन नहीं निकाले जाएंगे. इसके बाद इसका उत्पादन बंद हो जाएगा.

1 BTC = कितने रूपए, Exchange Rate of Bitcoin

अपने निर्माण के बाद से बिटकॉइन का मूल्य लगातार बढ़ता जा रहा है. आइये देखते हैं कि एक बिटकॉइन की कीमत किस तरह से बदली.

  • मार्च 2010 में एक यूजर Smoketoomuch ने Bitcoins की नीलामी करने की सोची और और 10000 BitCoins के बदले  $50(INR 3000) की मांग की. उसे एक भी खरीददार  नहीं मिला. आज उतने Bitcoins की कीमत 145 करोड़ है.
  • मई 2010 में Laszlo Hanekz नाम के इस शख्स ने BitCoin से पहला सौदा किया जिसमें उन्होंने 10,000 Bitcoins के बदले एक पिज़्ज़ा खरीदा.
  • तब 1 बिटकॉइन की कीमत सिर्फ 52 पैसे थी और उसके 4 दिन बाद ही इसकी कीमत में 10 गुना उछाल आया और अब एक बिटकॉइन की कीमत हो गयी 5 रूपए

उसके बाद बिटकॉइन ने कभी पीछे मुड़ कर नहीं देखा और देखते ही देखते इस क्रिप्टो करेंसी की कीमत आसमान छूने लगी. जनवरी 2017 में बिटकॉइन ने 1000 डॉलर का आंकड़ा छुआ पर उसके बाद जबरदस्त उछाल देखने को मिला और मई 2017 तक बिटकॉइन की वैल्यू 2700 डॉलर पार कर गयी.

कभी 52 पैसे की कीमत वाले बिटकॉइन की कीमत आज 1,45,000 रूपए है और ये लगातार बढ़ रही है

यहाँ एक बात रोचक है कि Bitcoin (बड़े अक्षरों में लिखा B) विश्व बाज़ार को दर्शाता है वहीँ  bitcoin (छोटे अक्षरों में लिखा B) असल या वास्तविक मुद्रा को प्रदर्शित करता है.

बिटकॉइन में निवेश-How to invest in Bitcoin

bitcoin investment

जितनी तेज़ी से बिटकॉइन की वैल्यू बढ़ी है उससे निवेशकों का काफी ध्यान आकर्षित हुआ है. सिर्फ 7 सालों ने इस मुद्रा की कीमत में जबरदस्त उछाल आया है जिसकी वजह से लोग बिटकॉइन में जम कर पैसा लगा रहे हैं. कम दाम पर बिटकॉइन खरीदना और बाद में जब इसका मूल्य बढ़ जाए तब इसे बेच कर लोग मुनाफा कमा रहे हैं.

भारत में भी कई बिटकॉइन इन्वेस्टमेंट कम्पनीज के माध्यम से आप बिटकॉइन खरीद कर इसमें इन्वेस्ट कर सकते हैं. कुछ प्रमुख कंपनियों के नाम हैं – ZebPay या Unicoin

बिटकॉइन पर इन्वेस्टमेंट के बारे में और अधिक जाने के लिए हमारी अगली पोस्ट का इंतज़ार करें

क्या हैं बिटकॉइन प्रयोग करने के फायदे

आखिर क्यों पूरी दुनिया बिटकॉइन के पीछे दीवानी हो रही है. ऐसा क्या है बिटकॉइन में जिससे इसके प्रयोगकर्ताओं की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है.
दरअसल बिटकॉइन ने मुद्रा या लेन देन के सिस्टम को पूरी तरह बदल कर रख दिया है. इसके अनेकों कारण है पर कुछ प्रमुख कारण हम यहां आपको बताने की कोशिश करेंगे.

इंटरनेट पर www.blockchain.info पर आप पूरी दुनिया में हो रहे बिटकॉइन लेनदेन पर नज़र रख सकते हैं. इस वेबसाइट पर आप हर लेनदेन का रिकॉर्ड देख सकते हैं

  • क्रेडिट कार्ड या डेबिट कार्ड का प्रयोग करने पर हर लेनदेन पर कुछ पैसा कटता है जबकि बिटकॉइन में ऐसा कुछ भी नहीं है
  • चूँकि विक्रेता को भी बिटकॉइन से लेनदेन करने में कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना पड़ता, इसलिए विक्रेता में बिटकॉइन के लिए प्रोत्साहित होते हैं
  • नगदी ले कर घूमने की कोई समस्या नहीं. आसान और तेज़ लेन देन
  • डॉलर या अन्य करेंसी की तरह इसपर किसी सरकार का नियंत्रण नहीं. तो ऐसे में कोई भी सरकार अपने मर्जी के मुताबिक मुद्रा प्रिंट कर चोरी नहीं कर सकती. (जो की डॉलर प्रिंट करने वाली अमेरिकी फेडरल एजेंसी हमेशा करते आयी है)
  • बिटकॉइन के लेन देन में दोनों पक्षों की पर्सनल जानकारी सुरक्षित रहती है. जो इस प्रक्रिया को सेफ बनाता है
    चूंकि बिटकॉइन के लेन देन का बही खता सार्वजनिक रूप से इंटरनेट पर उपलब्ध है इसलिए दुनिया में किसी भी लेन देन को किसी भी समय देखा जा सकता है, इससे फर्ज़ीवाड़े का खतरा कम हो जाता है.
  • दुनिया के किसी भी कोने में इस करेंसी का प्रयोग बेधड़क कर सकते हैं, इसके लिए मनी एक्सचेंज या करेंसी कन्वर्जन के चक्कर में समय बर्बाद नहीं होगा.

बिटकॉइन के नुकसान-Demerits of Bitcoin

  • बिटकॉइन बहुत की ज्यादा अस्थिर मुद्रा है, देखते ही देखते इसका भाव बढ़ता घटता रहता है. जिससे इसमें निवेश करना थोड़ा जोखिम भरा हो सकता है.
  • चूँकि प्राथमिक तौर पर ये डिजिटल मुद्रा प्रणाली है और इसमें सट्टेबाजी और कर उल्लंघन लिप्त हैं, तो इसमें मुद्रा के नियंत्रण में धोखेबाज़ी की संभावनाएं रहती हैं.