बीजेपी प्रमुख अमित शाह ने मंगलवार को पश्चिम बंगाल गांव नक्सलबाड़ी से अपनी पार्टी के विस्तार अभियान को शुरू किया| यहाँ से 1960 के दशक के अंत में, उग्रवाद शुरू हुआ था। 2019 लोकसभा चुनावों पर नजर रखते हुए वह वहां तीन-तीन दिन पार्टी प्रचार करेंगे| जहाँ पार्टी परंपरागत रूप से कमजोर है| अमित शाह ने कहा हमें पार्टी को इन राज्यों में मजबूत बनाना है| तृणमूल कांग्रेस-शासित राज्य, ओडिशा और तेलंगाना सहित पांच राज्यों में से एक है, जहां भाजपा कमजोर है।

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने सोमवार को कहा यह उनकी पार्टी बीजेपी और कांग्रेस के बीच सबसे बड़ा अंतर है| स्मृती ईरानी ने कहा भगवा पार्टी के नेता उदाहरण के तौर पर विश्वास करते हैं। हम नौटंकी नहीं करते है|

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने 2019 चुनाव के लिए पश्चिम बंगाल से शुरू की यात्रा

अमित शाह ने नक्सलबाड़ी में केले के पत्ते पर खाया खाना

नक्सलबाड़ी में बूथ नंबर 93 से अपना अभियान शुरू करने के साथ शाह ने भाजपा कार्यकर्ताओं को एकजुटता का संदेश दिया है| जिन्होंने वहां हिंसा का सामना किया है। भाजपा ने सत्तारूढ़ टीएमसी पर राज्य में अपने नेताओ द्वारा हिंसा फैलाने का आरोप लगाया है। अमित शाह के अलावा लगभग हर केंद्रीय मंत्री सहित शीर्ष पार्टी के नेताओं को संगठन की संभावनाओं को बढ़ावा देने के लिए बूथ स्तर पर अभियान चलाया गया है। इस अभियान में केरल और तमिलनाडु दो अन्य महत्वपूर्ण राज्य हैं। यह शाह ने न्यूज को बताया|

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने मंगलवार को दार्जिलिंग जिले के एक आदिवासी के घर में दोपहर का भोजन किया| जहां वह नक्सलबाड़ी इलाके के दक्षिणा कटियाजोट गांव में राजू महली के घर पर बैठे थे। उन्होंने चावल, मूंग दाल, ‘पोटोल’ भून, स्क्वैश करी, सलाद और ‘पापड़’ लिया| जो कि केला के पत्ते पर परोसा गया था| बीजेपी पश्चिम बंगाल इकाई के अध्यक्ष दिलीप घोष शाह के साथ थे।

अमित शाह भी राहुल गाँधी के नक़्शे कदम पर चल रहे है क्या? राहुल गाँधी ने भी यूपी में दलितों के घर खूब भोजन किया था| परन्तु उससे पार्टी को फायदे की जगह नुक्सान ही उठाना पड़ा| देखते है भाजपा अध्यक्ष का के तरीका वहां के लोगो में भाजपा के लिए कोई जगह बना पायेगा|

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Pankaj Sharma
देश की राजनीति से जुडी ख़बरों पर कड़ी नजर रखते हैं. फिल्में देखने का है शौक. नयी जगहों पर घूमना अत्याधिक पसंद