समाचार पत्रों के लाभ पर निबंध – Samachar Patra Essay in Hindi

हर पढ़े लिखे व्यक्ति के दिन का प्रारंभ चाय की प्याली और समाचारा पत्र के साथ होता है। सुबह सुबह सभी जान लेना चाहते हैं कि देश विदेश में कल क्या क्या हुआ। आज हमारी परिधि विस्तृत हो गयी है। हम केवल अपने घर परिवार तक सीमित नहीं हैं। देश के प्रत्येक हिस्से में होने वाली छोटी बड़ी घटनायें हमें प्रभावित करती हैं। संसार के हर कोने में हो रहे परिवर्तनों की नित नूतन जानकारी समाचार पत्र द्वारा हमारे आगे प्रस्तुत हो जाती है।

essay on samachar patr ke labh in hindiसूचना और समाचार के अन्य साधनों को अत्यधिक प्रसार होने के बाद भी समाचार पत्र की लोकप्रियता में कोई कमी नहीं आयी है। कम खर्च में अधिक विषयों पर महत्वपूर्ण जानकारी हमें समाचार पत्र द्वारा ही उपलब्ध होती है।

समाचार पत्र दैनिक, साप्ताहिक और पाक्षिक निकाले जाते हैं। कुछ पत्र स्थानीय, राज्य एवं प्रान्त स्तर के होते हैं और कुछ राष्ट्रीय स्तर पर प्रकाशित होते हैं। अब तो समाचार पत्र विशिष्ट उदेश्यों के साथी भी निकाले जाते हैं जैसे एम्प्लायमेंट न्यूज, इकोनोमिक टाइम्स इत्यादि समाचारा पत्रों को उर्दू, हिन्दी, पंजाबी, अंग्रेजी, बंगाली आदि कई भाषाओं में पढ़ा जा सकता है। हमारे यहां हिन्दी के वीर अर्जुन, हिन्दुस्तान, नवभारत टाइम्स आदि बहुत से अखबार प्रमुख हैं।

समाचार पत्रों में रोजमर्रा के समाचारों के अतिरिक्त साहित्य, धर्म, खेलकूद, राजनीति, व्यापार एवं चलचित्र आदि के विषय में जानकारी और सूचनाओं के साथ साथ लेख भी छापे जाते हैं।

ये सभी समाचार पत्र हमारे लिये बहुत उपयोगी हैं। यह हमारे ज्ञान में वृद्धि करने के साथ साथ हमारा मनोरंजन भी करते हैं। समाचार पत्रों के माध्यम से विज्ञापनों द्वारा नये नये उत्पादों की जानकारी आज जनता तक आसानी से पहुंच जाती है।

संसार का प्रथम समाचार पत्र पेकिंग गजट के नाम से 1640 में छापा गया था। भारत में 1780 में ‘बंगाल गजट’ नामक पहला समाचार पत्र प्रकाशित हुआ।

लोकतंत्र में समाचार पत्र का महत्व और भी अधिक बढ़ जाता है। अतः हम सभी को प्रतिदिन समाचार पत्र पढ़ने की आदत डालनी चाहिये।