हार्दिक पटेल की पाटीदार आरक्षण की मांग के खिलाफ पटेल संगठन हुए लामबंद? क्या इसके पीछे है बीजेपी का हाथ?

गांधीनगर: हार्दिक पटेल की पटेल आरक्षण को लेकर चल रही मांग और उसके सहारे तेजी से जोर पकड़ती राजनीती के बीच कुछ पाटीदार संगठनों ने नया शिगूफा छोड़ दिया है. गुजरात के छह पाटीदार संगठनों ने हार्दिक पटेल के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उनकी पटेल समुदाय के लिए ओबीसी के तहत आरक्षण की मांग को गलत बताया है.

सभी छह संगठनों के प्रमुख हार्दिक के पटेलों को ओबीसी में रखने और शिक्षा व रोजगार में आरक्षण की मांग के खिलाफ सामने आ गए हैं।

इन संगठनों के प्रमुखों ने आरोप लगाया है कि हार्दिक पटेल आरक्षण के नाम पर समाज को भटका रहे हैं। साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया है कि हार्दिक इस मांग का राजनीतिक फायदा उठा रहे हैं।

hardik-patelजो संगठन हार्दिक के इस मांग का विरोध कर रहे हैं, वो उंझ से उमिया माता संस्था, राजकोट से खोदालधाम कागवाड़, सूरत में विश्व उमिया फाउंडेशन और समस्त पाटीदार समाज, सिदसर में उमिया माताजी मंदिर और अहमदाबाद में सरदार धाम हैं।

बता दें कि हार्दिक पटेल के आरक्षण की मांग आगामी गुजरात विधानसभा चुनाव को लेकर तेज हो गई है, साथ ही कांग्रेस पार्टी भी पाटीदार समुदाय से समर्थन लेने की कोशिश कर रही है।

इससे पहले हार्दिक पटेल ने भी कांग्रेस नेताओं से मिलकर आरक्षण की मांग पर चर्चा की थी और पार्टी को इस मुद्दे पर अपना रुख स्पष्ट करने के लिए 7 नवंबर तक का समय दिया था तब जाकर वो अपना समर्थन दिखा सकते हैं।
हालांकि कांग्रेस ने भी कहा कि वह इस मुद्दे पर कानूनी विशेषज्ञों से सलाह लेने के बाद ही कोई फैसला करेगी।

HARDIK PATEL 2कांग्रेस आगामी चुनाव को देखते हुए लगातार पाटीदार समुदाय को अपनी तरफ रिझाने की कोशिश कर रही है और राज्य में 1995 से सत्ता पर काबिज बीजेपी को हटाने की पुरजोर आजमाईश कर रही है।

गौरतलब है कि गुजरात में दो चरणों में 9 दिसंबर और 14 दिसंबर को विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। वहीं वोटों की गिनती 18 दिसंबर को होगी।