जाट आरक्षण आंदोलन के सामने झुकी बीजेपी सरकार, आगामी विधान सभा सत्र में लाया जायेगा विधेयक

दिल्ली: आखिर जाट आरक्षण आंदोलन के सामने झुकते हुए केंद्र की भाजपा सरकार ने आज एक हाई पावर कमिटी के गठन का एलान किया. यह एलान आज केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह के साथ जाट नेताओं और खाप चौधरियों की एक बैठक के बाद किया गया. यह समिति केंद्रीय नौकरियों में भी जाटों को आरक्षण की संभावनाओं पर विचार करेगी. वहीँ आंदोलन को फ़ौरन ख़त्म करने के उद्देश्य से यह घोषणा की गई कि हरयाणा की बीजेपी सरकार विधानसभा सत्र में बिल ल कर स्पेशल बैकवर्ड क्लास के अंतर्गत आरक्षण देगी. वरिष्ठ भारतीय जनता पार्टी नेता वेंकैया नायडू इस समिति के अध्यक्ष होंगें.

jat reservation bill in haryana assembly in next session by bjp governmentकेंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने आज आन्दोलनरत जाट समुदाय के लोगों से आंदोलन को ख़त्म करने की अपील की . अभी तक राज्य में हिंसक आरक्षण आंदोलन के चलते १२ लोगों की जान जा चुकी है.

राजनाथ सिंह ने घोषणा की कि यूनियन अर्बन डेवलपमेंट मिनिस्टर वेंकैया नायडू के नेतृत्व में एक समिति केंद्र की नौकरियों में जाट समुदाय को आरक्षण प्रदान करने की मांग पर विचार करेगी.
राजनाथ सिंह ने कहा “मैं सभी से शांति बनाये रखने की अपील करता हूँ. लॉ एंड आर्डर राज्य का विषय है. अगर कोई क़ानून तोड़ेगा तो हमें उसके खिलाफ एक्शन लेना ही पड़ेगा.”

आज राजनाथ सिंह के साथ जाट नेताओं और खाप प्रतिनिधियों की मीटिंग के बाद हरयाणा के बीजेपी प्रभारी अनिल जैन ने कहा कि आगामी विधानसभा सत्र में एक बिल लेकर हरयाणा में जाट समुदाय को ओबीसी के तहत आरक्षण दिया जायेगा.

हालंकि केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने इस बारे में कुछ नहीं कहा कि आगामी विधानसभा सत्र में ही जाटों को आरक्षण देने का बिल लाया जायेगा.

केंद्रीय गृहमंत्री के साथ मीटिंग में हरयाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली के जाट नेताओं के अलावा केंद्र में कृषि राज्य मंत्री संजीव बाल्याण, हरयाणा वित्त मंत्री कैप्टेन अभिमन्यु सिंह और मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर सत्यपाल सिंह एवं पूर्व उप सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल राज कादयान शामिल थे.

मीटिंग के बाद जाट संघर्ष समिति के नेता जयपाल सिंह सांगवान ने कहा कि मीटिंग बड़े ही सकारात्मक माहौल में हुई . उन्होंने अपील की कि अब आंदोलन को समाप्त कर दिया जाये.

लेकिन संघर्ष समिति के अन्य नेता राजेश दहिया ने कहा कि आंदोलन समाप्त करने का निर्णय जाट समुदाय से वार्ता के बाद लिया जायेगा.

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आरक्षण दिए जाने की मांग स्वीकार होने के बाद ताजा समाचार मिलने तक जाट समुदाय का आरक्षण आंदोलन धीरे धीरे शांत होता नजर आ रहा है. सोनीपत और पानीपत में राष्ट्रीय राजमार्ग खुल गया है और अन्य जगहों से भी आंदोलनकारियों के पीछे हटने की खबरें आ रही हैं.