Advertisements

पीताम्बर में कौन सा समास है? पीताम्बर का समास-विग्रह क्या है?

List of Topics

Advertisements

Peetambar mein kaun sa samas hai? Peetambar ka samas-vigrah kya hota hai?

पीताम्बर में कौन सा समास है?

बहुब्रीहि समास – पीताम्बर शब्द में बहुब्रीहि समास है।
पीताम्बर में समास का उपभेद समानाधिकरण बहुब्रीहि समास है
Peetambar mein kaun sa Samas hota hai?
Bahuvrihi Samas  – Peetambar shabd mein Bahuvrihi Samas  hai.

पीताम्बर का समास-विग्रह क्या है? Peetambar ka Samas-Vigrah kya hai?

पीताम्बर शब्द का समास-विग्रह निम्नानुसार होगा :

समास (समस्त पद) समास-विग्रह
पीताम्बर : पीला है वस्त्र जिसका अर्थात् श्रीकृष्ण
Peetambar : Peela hai vastra jiska arthath Shri krishan

Advertisements

क्योंकि पीताम्बर में बहुब्रीहि समास है इसलिए हमने विद्यार्थियों की सहायता के लिए बहुब्रीहि समास की परिभाषा, भेद और उदाहरण को यहाँ पर संक्षेप में समझाया है। अगर विद्यार्थी बहुब्रीहि समास को विस्तार से पढ़ना चाहें तो नीचे दिये गए लिंक (बहुब्रीहि समास की परिभाषा – ) पर जा कर पढ़ सकते हैं।

बहुब्रीहि समास की परिभाषा –

बहुब्रीहि समास [ सूत्र-अनेकमन्य पदार्थे ]-जिस समास में दोनों पद प्रधान न होकर कोई अन्य पद की प्रधानता होती है। उसे बहुब्रीहि समास कहते है। जैसे-दशानन-दस है मुख जिसके अर्थात् रावण

Advertisements

बहुब्रीहि समास के उदाहरण –

समानाधिकरण बहुब्रीहि समास के उदाहरण नीचे दिये गए हैं। विद्यार्थियों को इनका लिख लिख कर अभ्यास करना चाहिए।

समास (समस्त पद) – समास-विग्रह
त्रिनेत्र – तीन है नेत्र जिसके अर्थात् शंकर
यशोधन – यश ही है धन जिसका अर्थात् विशेष व्यक्ति
गोपाल – गौ का पालन करता है जो
चतुरानन – चार हैं आनन (मुंह) जिसके अर्थात ब्रह्मा
जलज – जल में जन्म लेने वाला
त्रिवेणी – तीन वेणिया मिलती है जहाँ अर्थात् प्रयाग
मुरारि – वह जो मुर राक्षस का शत्रु है अर्थात् कृष्ण
मृत्युञ्जय – मृत्यु को जीतने वाला अर्थात् शंकर
सहस्रकर – सहस्र है कर जिसके
सहस्रानन – सहस्र है आनन जिसके

समास की परिभाषा :

समास का तात्पर्य होता है-‘संक्षिप्तीकरण’ और इसका शाब्दिक अर्थ होता है छोटा रूप। अथार्त जब दो या दो से अधिक शब्दों से मिलकर जो नया और छोटा शब्द बनता है उस शब्द को समास (Samas) कहते हैं। समास रचना में दो पद होते हैं। प्रथम पद को ‘पूर्वपद ‘ कहा जाता है और द्वितीय पद को ‘उत्तरपद ‘ कहा जाता है। इन दोनों से जो नया शब्द बनता है वो”समस्त पद” या” सामासिक शब्द” कहलाता है।

समास-विग्रह क्या होता है?

जब समस्त पद के सभी पद अलग-अलग किये जाते हैं उसे समास-विग्रह (Samas Vigrah) कहते हैं। समास-विग्रह सामासिक पद के शब्दों के मध्य संबंध को स्पष्ट करने के लिए किया जाता है।

परीक्षा में पीताम्बर समस्त पद को लेकर कई प्रकार से प्रश्न पूछा जा सकता है जैसे कि पीताम्बर में कौन सा समास है? पीताम्बर शब्द में कौन सा समास होगा? पीताम्बर में कौन सा समास होता है? पीताम्बर में कौन सा समास है बताइये पीताम्बर का समास विग्रह बताइए पीताम्बर का समास विग्रह क्या है? पीताम्बर का समास विग्रह क्या होगा? आदि।

समास – परिभाषा, भेद, उदाहरण, समास-विग्रह

समास अभ्यास प्रश्न (Samas Worksheet)

दीर्घायु में कौन सा समास है
छत्तीसगढ़ में कौन सा समास है
गुरु शिष्य में कौन सा समास है
समास विग्रह से क्या तात्पर्य है
पीताम्बर का समास विग्रह और समास का नाम
पीताम्बर का समास का नाम
पीताम्बर का समास विग्रह संस्कृत में
प्रतिदिन का समास विग्रह संस्कृत में
पीताम्बर कौन सा समास है
समास विग्रह से क्या तात्पर्य है
पीताम्बर का समास विग्रह और समास का नाम
पीताम्बर का समास का नाम
अल्पबुद्धि का समास विग्रह
पीताम्बर का समास भेद
चक्रधर का समास विग्रह
चौराहा का समास विग्रह

25 Important परीक्षा में पूछे जाने वाले सामासिक शब्द के उदाहरण:

सभी प्रतियोगी परीक्षाओं में समास संबंधी प्रश्न पूछे जाते हैं जिनमें मार्क्स लाना आसान होता है किन्तु सही जानकारी और अभ्यास के अभाव में अक्सर विद्यार्थी समास के प्रश्न में अंक लाने में कठिनाई अनुभव करते हैं। हमने प्रतियोगी परीक्षाओं में पूछे जाने वाले समास के उदाहरण और समास-विग्रह के महत्वपूर्ण सामासिक पदों का संकलन किया है जिनका अभ्यास करके आप पूर्ण अंक प्राप्त कर सकते हैं।

[display-posts category_id=”2796″  wrapper=”div”
wrapper_class=”my-grid-layout”  posts_per_page=”25″]

Leave a Reply

Your email address will not be published.