उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जब से मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है| तभी से वो राज्य को अपने सपने का प्रदेश बनाने में जुट गए है| राज्य में कानून व्यवस्था लाने के लिए में उन्होंने 18 जिलों के जिला मजिस्ट्रेट्स (डीएम) को लिस्ट में से चुना है।

11 डीएम को भेजा गया मसूरी

रिपोर्ट्स के मुताबिक योगी ने इन 18 को उन 29 की सूची में से चुना है| जो उनके सामने पेश किए गए थे। हाल ही में योगी जी को 29 डीएम के हस्तांतरण के लिए एक फाइल मिली| मुख्यमंत्री ने उनके कार्यों के बारे में पूछा और उन पर उल्लेखनीय चर्चा की। उनके कार्यों के बारे में जानकारी की जांच करने के बाद, मुख्यमंत्री योगी ने 11 डीएम को मसूरी के प्रशिक्षण पर भेजा। वे 10 अप्रैल से 5 मई तक प्रशिक्षण से गुजरेंगे|

दिलचस्प बात यह है कि नियमों के अनुसार, हर आईएएस अधिकारी को अपनी सेवा के सात साल पूरा करने के बाद प्रशिक्षण दिया जाना चाहिए। परन्तु फिलहाल उत्तर प्रदेश सरकार ने अपनी लिस्ट पर आगे बढ़ते हुए यह कार्यवाही की|

डीएम की लिस्ट

1) योगेश्वर मिश्र
योगेश्वर मिश्र उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के डीएम हैं|

2) अनुज झा
अनुज झा उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के डीएम हैं|

3) प्रकाश बिंदू
प्रकाश बिंदू उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले के डीएम हैं|

4) रविकांत सिंह
रविकांत सिंह कानपुर देहात के डीएम हैं|

5) विवेक
विवेक उत्तर प्रदेश के फैजाबाद जिले के डीएम हैं|

6) ऋषिकेश भास्कर यशोध
ऋषिकेश भास्कर यशोध उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के डीएम हैं|

7) अमित त्रिपाठी
अमित त्रिपाठी उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के डीएम हैं|

8) प्रभु नारायण सिंह
प्रभु नारायण सिंह उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के डीएम हैं|

9) जुहर बिन सगीर
जूहर बिन सगीर यूपी के मुरादाबाद जिले के डीएम हैं|

10) किंजल सिंह

योगी आदित्यनाथ के सपनों की टीम में 18 जिला मजिस्ट्रेट

योगी आदित्यनाथ ने मांगी यूपी में सभी विभागों की प्रस्तुतियां

20 अप्रैल को सभी विभागों की प्रस्तुतियों के बाद, आईएएस / आईपीएस अधिकारियों के उत्तर प्रदेश में बड़े पैमाने पर स्थानांतरण हो सकता है।
कथित तौर पर, कई मंत्रियों ने योगी से अपने विभागों के सचिवों में बदलाव करने का आग्रह किया है। उत्तर प्रदेश राज्य लंबे समय से कानून और न्याय व्यवस्था की समस्या का सामना कर रहा है| ऐसा प्रतीत होता है कि इस खतरे को नियंत्रित करने के लिए राज्य में नवगठित बीजेपी सरकार पूर्ण बल में आ रही है।

योगी आदित्यनाथ का मिशन 2019

यूपी सरकार मिशन 2019 पर है, जब आम चुनाव होंगे। इसे ध्यान में रखते हुए, सरकार ने पहले से ही अवैध बूचड़खानों और शहरी विकास विभाग पर कार्रवाई शुरू कर दी है| जो नगर निगम निगमों पर भी नियंत्रण रखती है, जो मांस की दुकानों और बूचड़खानों को लाइसेंस देती है| मांस को विनियमित करने के प्रस्ताव को भी तैयार करने की भी उम्मीद है।

इस दौरान उत्पाद शुल्क विभाग अब भी उत्पाद शुल्क में बदलाव करने के प्रस्ताव को तैयार कर रहा है| ताकि अवैध शराब बनाने या बेचने वालों को मौत की सज़ा सहित सख्त दंड दी जा सकती है।

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Pankaj Sharma
देश की राजनीति से जुडी ख़बरों पर कड़ी नजर रखते हैं. फिल्में देखने का है शौक. नयी जगहों पर घूमना अत्याधिक पसंद